ISP Full Form | ISP क्या है यह कैसे काम करता है

Rate this post

ISP Full Form? दोस्तों, आज के इस आर्टिकल में मैं आपको Service Provider के बारे जानकारी देने वाला हूँ जैसे ISP क्या है, ISP Ka Full Form क्या होता है, यह कैसे काम करता है, इसका इतिहास क्या है आदि| अगर आप इन सभी जानकारी के बारे में जानना चाहते है तो इस आर्टिकल को पूरा पढ़े|

जब कोई customer कोई दूकन या वेबसाइट से कोई प्रोडक्ट खरीदता है तो उसके बदले उस प्रोडक्ट की कंपनी उस अपने customer को ज़रुरत के समय देवा प्रदान करने का वादा करती है| यह सेवा किसी भी तरह की हो सकती है जैसे प्रोडक्ट के ख़राब हो जाने पर उसे मरम्मत करना, प्रोडक्ट को इस्तेमाल करने के लिए गाइड करना या प्रोडक्ट इस्तेमाल करते समय कोई दिक्कत आने पर उसे सरलता से संभालना| ये सारे काम service provider का होता है|

इसी तरह जब हम internet का इस्तेमाल करते हैं तो इन्टरनेट के service provider हमें अलग अलग तरह से सेवाएँ प्रदान करते हैं| इन्टरनेट का इस्तेमाल करने के लिए हमारे पास एक ISP का कनेक्शन होना ज़रूरी है जो हमें इन्टरनेट प्रदान करता है| हम सभी को अपने smartphone या computer में इन्टरनेट चलाने के लिए किसी ना किसी network provider की आवशयकता पड़ती है जैसे हम अपने smartphone में इन्टरनेट चलाने के लिए airtel, idea, jio आदि नेटवर्क में किसी एक सिमकार्ड का इस्तेमाल करते है|

ISP का फुल फॉर्म : ISP Full Form

ISP का फुल फॉर्म Internet Service Provider होता है जिसे हिंदी में अंतर्जाल सेवा प्रदाता भी कहा जाता है|

  • I : Internet
  • S : Service
  • P : Provider

ISP क्या है : What is ISP in Hindi

ISP एक ऐसी संस्था या कंपनी को कहते हैं जो लोगों और छोटी बड़ी सभी organization को इन्टरनेट की सुविधा देने का कार्य करती है चाहे हम घर पर हो, ऑफिस में हो या फिर सफ़र कर रहे हो| हर बार जब हम इन्टरनेट से जुड़ते हैं तो इन्टरनेट के साथ हमारा डिवाइस का कनेक्शन एक ISP के माध्यम से जुड़ता है| एक ISP इन्टरनेट पर यूजर के लिए Getway यानी प्रवेश द्वार प्रदान करता है|

ISP इन्टरनेट के साथ कई अन्य सर्विसेज भी प्रदान करता है जैसे webpage hosting, domain name registration, mail services और file transfer इत्यादि| किसी अन्य कंपनी के तरह internet service provider भी अपने कस्टमर से पैसे लेती है| ISP यूजर से दो प्रकार का शुल्क लेती है पहला इन्टरनेट प्रदान करने के लिए और दूसरा इन्टरनेट कनेक्शन लेने के लिए जैसा कि broadband.

Internet Service Provider अलग अलग टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करके लोगों तक इन्टरनेट की सुविधा उपलब्ध कराते हैं| Modem, Dialup, Internet Access, DSL, Cable Internet, Wireless broadband, Wifi Internet और Ethernet जैसे टेक्नोलॉजी का उपयोग कर लोगों तक इन्टरनेट पहुँचाया जाता है| इन सभी टेक्नोलॉजी का उपयोग ISP अपने यूजर के demand के अनुसार करते हैं जैसे कि छोटे या कम area के अन्दर इन्टरनेट की सेवा प्रदान करने के लिए DSL, Cable mode और wifi internet का इस्तेमाल करते है जिन्हें बड़े पैमाने या बिज़नस के लिए इन्टरनेट की आवशयकता होती है उन्हें Ethernet, Frame Relay जैसे माध्यम से इन्टरनेट प्रदान करते हैं|

ISP को कितने category में बांटा गया है

ISP को तीन category में बांटा गया है|

Tier-1 :- Tier-1 ISP अन्य ISP की तुलना में सबसे बड़ी कंपनी होती है जो विभिन्न देशों को इन्टरनेट से जोड़ने का कार्य करती है| यह कंपनियां समुंद्र के अन्दर केबल बिछाकर सभी देशों के बीच इन्टरनेट प्रदान ककरने का कार्य करती है| इन्टरनेट यूजर इन्टरनेट इस्तेमाल करने का जो भुकतान करते हैं उसका सबसे ज़्यादा हिस्सा tier-1 के पास जाता है|

Tier-2 :- यह tier-1 की तुलना में छोटी कंपनी होती है| जब tier-1 इन्टरनेट कनेक्शन समुंद्र के ज़रिये देश तक लाती है तब tier-2 कंपनी उस कनेक्शन को अलग-अलग शहरो और राज्यों तक पहुँचाने का कार्य करती है|

Tier-3 :- यह सबसे छोटा ISP कंपनी होता है| यह घरो, कॉलोनी और ब्लाक तक इन्टरनेट कनेक्शन पहुँचाने का कार्य करता है| Tier-3 ISP कंपनी tier-2 कंपनी से कनेक्शन लेकर घरो तक इन्टरनेट कनेक्शन प्रदान करते हैं|

ISP काम कैसे करता है

इन्टरनेट की ख़ास बात यह है कि इन्टरनेट का कोई मालिक नहीं है| इन्टरनेट छोटे बड़े बहुत सारे नेटवर्क का global connection होता है| जहाँ पर सभी नेटवर्क किसी न किसी तरीके से एक दुसरे से जुड़े हुए होते है और यही नेटवर्क दुनिया के सभी कंप्यूटर को एक दूसरे से जोड़ता है| यही कंप्यूटर जो एक दुसरे से जुड़े हुए होते है वो इस नेटवर्क का एक हिस्सा बन जाता है|

असल में इन्टरनेट एक बहुत बड़ा जाल होता है interconnected network का जिसे कंप्यूटर की भाषा में Transmission Media कहा जाता है| यह जाल एक वायर होता है जिसमें information और data दुनिया भर में घुमता रहता है| दुनिया के कोने कोने तक इन्टरनेट कनेक्शन पहुँचाने के लिए बहुत सारे high bandwidth data lines का इस्तेमाल किया जाता है जिसे इन्टरनेट का backbone भी कहा जाता है|

इन lines को अलग-अलग लोकेशन में मौजूद internet hubs के साथ कनेक्ट किया जाता है और यही hubs डेटा को अलग-अलग लोकेशन पर distribute करते हैं| इन इन्टरनेट हब्स को ही ISP कहा जाता है| ज़्यादातर ISP एक केबल DSL या Fiber Connection के ज़रिये ब्रॉडबैंड इन्टरनेट एक्सेस प्रदान करते हैं| जैसे आपके घर में इन्टरनेट इस्तेमाल करने के लिए कंप्यूटर के साथ router लगा हुआ है तो वो router भी ISP के साथ कनेक्ट होकर इन्टरनेट प्रदान करते हैं|

निष्कर्ष :

दोस्तों, आज के इस आर्टिकल ISP Full Form in Hindi में मैंने आपको आईएसपी से जुड़ी साड़ी जानकारी दी है जैसे ISP Kya Hai, ISP Ka Full Form क्या होता है, यह कैसे काम करता है इत्यादि| अगर आपको ISP से सम्बंधित कोई सवाल है तो आप हमें कमेंट में बता सकते है| और अगर आपको यह आर्टिकल पसंद आया हो आप इसे अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को ज़रूर शेयर करें|

यह भी पढ़े :

Starlink क्या है और यह भारत में कब लांच होगा ?

UPI क्या है और कैसे काम करता है ?

VPN क्या है और इसका इस्तेमाल कैसे किया जाता है ?

NASA Full Form in Hindi

ISRO Full Form in Hindi

Leave a Comment